शहाबुद्दीन की मौ’त के मामले में हुआ बड़ा खु’ला’सा, नहीं थी उम्मीद क्यूँकि..

राजद के बाहुबली नेता बिहार की सिवान लोकसभा सीट से पूर्व सांसद और तीन दर्जन से अधिक सं’गीन मामलों के अभियुक्त शहाबुद्दीन की मौ’त को लेकर सियासत थमने का नाम नहीं ले रही है। उनकी मौ’त को लेकर राजनीति तो शुरू हो ही गई है, इंटरनेट मीडिया पर तरह-तरह के दावे किए जा रहे हैं। इस बीच पूर्व सांसद से जुड़े कुछ लोगों ने दावा किया है कि वे लोग आज पूरे मामले पर अपना पक्ष रखेंगे।

बिहार में लालू प्रसाद यादव की पार्टी राजद और जीतन राम मांझी की पार्टी हम ने पूर्व सांसद की मौ’त को लेकर सरकार पर हमला बोला है। इंटरनेट मीडिया पर तो शहाबुद्दीन की ह’त्या किए जाने तक की अफ’वाह उड़ाने की साजिश खुलेआम हो रही है, लेकिन प्रशासन और सरकार की नजर शायद इस पर नहीं है। यहां जानिए मामले का हर एक पहलू ।

राजद ने पूर्व सांसद मो. शहाबुद्दीन के इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। राजद के प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ. तनवीर हसन, प्रदेश प्रवक्ता चितरंजन गगन, मृत्युंजय तिवारी, एजाज अहमद, प्रदेश महासचिव विनोद यादव, डॉ. प्रेम गुप्ता एवं प्रमोद कुमार सिन्हा ने कहा कि दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद तिहाड जेल प्रशासन ने उनके इलाज में गंभीरता नहीं दिखाई।

राजद नेताओं ने कहा कि 21 अप्रैल को पॉजिटिव पाए जाने के बाद भी उन्हें सामान्य स्तर की चिकित्सा उपलब्ध कराई गई। स्थिति बिगडऩे पर दिल्ली के दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल में भर्ती कराया गया। तीन दिन पहले ही दिल्ली हाईकोर्ट ने इलाज के दौरान स्वजनों से मिलवाने का निर्देश जेल प्रशासन को दिया था। फिर भी जेल प्रशासन ने उन्हें दिल्ली एम्स में भर्ती नहीं कराया। स्वजन भी उन्हें एम्स में ही भर्ती कराना चाह रहे थे।

एजाज अहमद ने कहा कि पूर्व सांसद जेल में कैसे संक्रमित हुए, यह भी स्पष्ट होना चाहिए और दोषियों पर कार्रवाई होनी चाहिए। इंटरनेट मीडिया खासकर ट्वटिर पर शहाबुद्दीन की मौ’त को लेकर तरह-तरह की अफवाहें और चर्चाएं चल रही हैं। कहा जा रहा है कि जानबूझ कर पूर्व सांसद को एम्स की बजाय मामूली अस्पताल में भर्ती कराया गया। जेल के वार्ड में अकेले रहते हुए सांसद के कोरोना संक्रमित होने पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं। कई लोग तो यहां तक दावा कर रहे हैं कि सांसद को कोरोना हुआ ही नहीं था। अफ’वाहों का बाजार गर्म करने के लिए फेक प्रोफाइल का भी सहारा लिया जा रहा है।

ट्विटर शहाबुद्दीन के बेटे ओ’सामा शहाब के नाम से बनी एक आइडी मिली। यह आइडी इसी महीने में यानी दो दिनों के अंदर ही बनाई गई है। इस आइडी से केवल एक पोस्ट की गई है और इसमें क्या कुछ लिखा है, आप खुद देख लीजिए। यह आइडी पहली नजर में फेक मालूम पड़ती है।

हमें ट्वटिर पर ऐसी ढेरों पोस्ट मिली, जिसमें शहाबुद्दीन की मौ’त के मामले में हस्तक्षेप की मांग एआइएमआइएम के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी से की गई है। ढेरों पोस्ट में लिखा गया है कि लालू और उनके बेटे तेजस्वी इस मसले को लेकर गंभीर नहीं हैं। इसलिए ओवैसी या उनकी पार्टी के अख्तारूल इमान को इस मामले में पहल करनी चाहिए। बिहार में एनडीए के सहयोगी पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी की पार्टी हम के प्रवक्ता दानिश रिजवान ने भी शहाबुद्दीन की मौत पर अफसोस जताया था। उन्होंने कहा था कि पूर्व सांसद के बेहतर इलाज की व्यवस्था नहीं की गई।

दूसरी तरफ राजद प्रमुख लालू प्रसाद, पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी, नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव, विधायक तेजप्रताप यादव एवं सांसद मीसा भारती ने शहाबुद्दीन के नि’धन पर शोक जताया है। तिहाड़ जेल प्रशासन और पूर्व सांसद का इलाज करने वाले दिल्ली के दीनदयाल अस्पताल ने उनके कोरोना से संक्रमित होने की पुष्टि की थी। सांसद की पत्नी हिना शहाब के भी संक्रमित होने की बात सामने आई थी। हालांकि बाद में वह स्स‍थ हो गई थीं। हालांकि पूर्व सांसद की तबीयत संक्रमित होने के बाद बिगड़ती चली गई। (साभार- वायरल क्लिक)

About Arghwan Rabbhi

Arghwan Rabbhi is a researcher and journalist.

View all posts by Arghwan Rabbhi →

Leave a Reply

Your email address will not be published.