तालिबान-अमरीका समझौते से नाराज़ हुआ ये मुस्लिम देश, ‘इससे हमारे लोग..’

March 9, 2020 by No Comments

अफगा’निस्‍तान के रा’ष्‍ट्रपति रह चुके डॉ नजीबुल्‍लाह के भाई सेदिकुल्‍लाह राही ने तालि’बान को पाकि’स्तानी एजेंसी के लिए काम करने वाला बता दिया। सेदिकुल्‍लाह राही ने जिनेवा में कहा कि तालि’बान तो वास्‍तव में पाकि’स्‍तानी एजेंसी आईएसआई के इशारे पर काम कर रही है। शनिवा’र को जिनेवा में संयुक्‍त रा’ष्‍ट्र मानवाधिकार परिषद के 43वें सत्र के मौके पर सेदिकुल्‍लाह राही ने यह बात कही। राही ने कहा कि “वे (तालि’बान) पाकि’स्‍तानी सेना का प्रतिनिधित्‍व कर रहे हैं। यूएस के साथ उन्‍होंने जिस शांति समझौते पर हस्‍ता’क्षर किया, मैं उसपर विश्‍वास नहीं करता हूं। अफगा’निस्‍तान के लोग इस समझौते से बहुत परेशान हैं।”

सेदिकुल्‍लाह राही ने कहा कि अफगा’निस्‍तान में आने के बाद तालि’बान की मदद किसने की? वे वास्‍तव में पाकि’स्‍तान की खुफि’या एजेंसी आईएसआई की सैन्‍य मिलिशिया हैं। शुक्रवा’र को अमेरिकी रा’ष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि “अमेरिका के अफगा’निस्तान से जाने के बाद तालि’बान अफ’गान सरकार को दरकिनार कर ‘संभवत:’ सत्ता क’ब्जा सकता है।” व्हाइट हाउस में संवाददाताओं ने ट्रंप से कहा कि “देशों को अपना ध्यान खुद रखना होगा। आप किसी का हाथ इतने लंबे समय तक के लिये ही पकड़ सकते हैं।”

Sediqullah Rahi

यह पूछे जाने पर कि क्या तालि’बान सत्ता हथि’या सकता है, ट्रंप ने कहा कि “इस तरह से होने की संभावना है। हम वहां अगले 20 साल नहीं रह सकते। हम वहां 20 साल से हैं और देश की सुरक्षा कर रहे है लेकिन हम वहां अगले 20 साल नहीं रह सकते…अंतत: उन्हें अपनी सुरक्षा खुद करनी होगी।” बता दें कि कतर के दोहा में 29 फरवरी को अमेरिका और तालि’बान के बीच शां’ति समझौते हुए था।

करीब 18 महीने की वार्ता के बाद दोनों प’क्षों ने इस शांति समझौता पर हस्ता’क्षर किए थे। और लगभग 30 देशों और अंतरराष्ट्रीय संगठनों के विदेश मंत्री और प्रतिनिधि अमेरिका-तालिबान शांति समझौते पर हस्ता’क्षर के गवाह बने थे। अफगा’निस्तान और अमेरिका ने संयुक्त रूप से घोष’णा की थी कि अफगा’निस्तान में अमेरिकी सैन्य ब’लों की संख्या घटाकर 8,600 की जाएगा। साथ ही अमेरिकी-तालि’बान शांति समझौते में किए गए वादों को 135 दिन में लागू किया जाएगा।

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