नीतीश कुमार का बुरा दौर चालू! सहनी के ब’वाल से सरकार में ह’ड़कंप

पटना: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का समय इन दिनों सही नही चल रहा है। आये दिन किसी न किसी विवाद में नीतीश और उनकी सरकार फं’सती ही रहती है। कभी विपक्षी दल के नेता स्वास्थ्य विभाग में भर्ती, बाढ़ के सवाल पर नीतीश कुमार की सरकार को निशाने पर लेते रहते हैं तो कभी सहयोगी दलों के साथी ही किसी बात पर बि’फर जाते हैं।

कम संख्या में सीटें जीतकर भी मुख्यमंत्री पद से नवाज़े गए नीतीश कुमार को भी यह मालूम ज़रूर होगा की इन हालात में सरकार चलाना उनके लिए कितना मु’श्किल होने जा रहा है। अब ताज़ा प्रकरण नीतीश कुमार की सरकार के वरिष्ठ मंत्री मदन सहनी से जुड़ा है। गौरतलब हो कि मदन सहनी 134 बाल विकास परियोजना अधिकारीयों के तबादले में उनकी बातों को प्रधान सचिव द्वारा अनसुना कर दिए जाने से ना’राज़ हैं।

सहनी की ना’राजगी का आलम यह है कि उन्होंने मंत्री पद से इस्तीफे की ध’मकी दे डाली है। फ़िलहाल अभी वो दरभंगा में हैं वहाँ से लौटने के बाद ही वो इस्तीफ़े की पेशकश करेंगे। जून माह में हुए कई अधिकारियों के तबादलों में मंत्रियों की बात न सुने जाने से नीतिश कुमार सरकार के कई मंत्रियों में ना’राजगी है। पूर्व मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी ने भी कहा है कि अधिकारियों के तबादलों से सम्बंधित मंत्रियों की राय को प्रधान सचिव द्वारा अनसुना किया गया है।

इस सवाल को राजग की विधायक दल की बैठकों में मैंने उठाया था लेकिन कोई हल नही निकला। उन्होंने ये भी कहा कि अब मंत्रियों का सम्मान अधिकारियों द्वारा नही किया जा रहा है जिससे अ’सन्तोष बढ़ रहा है। सबसे बड़ी सहयोगी दल बीजेपी के दो विधायक ज्ञानेंद्र सिंह ज्ञानू व हरिभूषण ठाकुर बचोल ने भी नीतीश कुमार को आ’ड़े हाथों लेते हुए आरोप लगाया है कि जून महीने में हुए अधिकारियों के तबादलों में मंत्रियों ने खूब पैसा कमाया है। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया है कि अधिकारियों के तबादले म’नमानी जगह पर करवाने के किये बोली लगाई गई हैं।

दोनो विधायकों के बा’गी तेवर देखकर नीतीश कुमार ने विधायक हरिभूषण ठाकुर बलोच को फोन करके जानकारी मांगी है। ये सारी परिस्थिति देकर अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि आने वाले दिन नीतीश कुमार के लिए और मु’श्किलें खड़ी करने वाले हैं। अब यही देखना है कि नीतीश कुमार इन मु’सीबतों का सामना कैसे कर पाते हैं।

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Arghwan Rabbhi is a researcher and journalist.

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